सावन में सोमवार को बंद रहेंगे स्कूल? यूटा ने जिलाधिकारी से की अवकाश की मांग, बताया कांवड़ यात्रा और जाम का हवाला
बरेली में सावन माह के दौरान लगने वाले भीषण जाम और कांवड़ यात्रा की सुगमता को देखते हुए यूनाइटेड टीचर्स एसोसिएशन (यूटा) ने जिलाधिकारी से सभी सोमवार को अवकाश घोषित करने की मांग की है।
जनवार्ता लाइव
बरेली।
आगामी सावन माह के दौरान सड़कों पर उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और संभावित जाम से राहत दिलाने के लिए शिक्षकों के प्रतिनिधि संगठन यूनाइटेड टीचर्स एसोसिएशन (यूटा) ने मोर्चा खोल दिया है। संगठन के एक प्रतिनिधिमंडल ने जिलाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह के नेतृत्व में जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर सावन माह के प्रत्येक सोमवार को विद्यालयों में अवकाश घोषित करने की मांग उठाई है।
निर्माणाधीन मार्ग और कांवड़ यात्रा बने बड़ी चुनौती
जिलाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह ने जिलाधिकारी को अवगत कराया कि सावन माह में बरेली और आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में कांवड़िया कछला (बदायूं) से जल लेकर जलाभिषेक करने के लिए निकलते हैं। वर्तमान में बरेली-बदायूं मार्ग पर निर्माण कार्य चल रहा है, जिसकी वजह से यातायात को वन-वे कर दिया गया है। सावन के दिनों में शनिवार से ही इस मार्ग पर श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ता है, जिससे रात से ही भीषण जाम की स्थिति बन जाती है।
शिक्षकों और श्रद्धालुओं की परेशानी का हवाला
यूटा पदाधिकारियों का कहना है कि विशेष रूप से ब्लॉक आलमपुर, रामनगर और मझगवां के क्षेत्रों में यातायात दबाव सबसे अधिक रहता है। यदि इन परिस्थितियों में विद्यालय खोले जाते हैं, तो शिक्षकों का समय पर स्कूल पहुंचना लगभग नामुमकिन हो जाएगा और वे घंटों जाम में फंसे रहेंगे।
बदायूं की तर्ज पर बरेली में भी मिले राहत
जिला उपाध्यक्ष सत्येंद्र पाल सिंह ने पड़ोसी जनपद का उदाहरण देते हुए कहा कि बदायूं जिले में सावन के दौरान शनिवार और सोमवार का सार्वजनिक अवकाश पहले से ही घोषित रहता है। इसके अलावा, बरेली के कई शिक्षक स्वयं भी कांवड़ उठाकर सोमवार को जलाभिषेक करते हैं। इन सभी व्यावहारिक समस्याओं को देखते हुए बरेली में भी सावन के प्रत्येक सोमवार को अवकाश घोषित किया जाना जनहित और शिक्षक हित में बेहद आवश्यक है